कोलकाता, 13 अप्रैल (हि.स.)। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव प्रचार के तहत मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को बीरभूम के सिउरी में जनसभा को संबोधित करते हुए केंद्र सरकार और भाजपा पर तीखा हमला बोला। उन्होंने नामांकन प्रक्रिया को लेकर नया आरोप लगाते हुए कहा कि उनके नामांकन की जांच में चार घंटे तक परेशान किया गया।

ममता ने कहा, “मेरे नामांकन के समय चार घंटे स्क्रूटिनी करके मुझे परेशान किया गया। क्या मैं इन्हें छोड़ दूंगी? जनता चाहे छोड़ दे, लेकिन मैं नहीं छोड़ूंगी।” उन्होंने समर्थकों से आह्वान करते हुए कहा कि मतदान के दिन वे उनके “सहयोद्धा” बनें।
प्रधानमंत्री मोदी पर निशाना साधते हुए ममता ने चुनौती दी कि यदि वह खुद को राज्य की सभी 294 सीटों का उम्मीदवार बताते हैं, तो उन्हें तय करना चाहिए कि वे देश के प्रधानमंत्री रहेंगे या बंगाल के मुख्यमंत्री बनना चाहते हैं। उन्होंने भाजपा पर बाहरी होने का आरोप भी लगाया।
रोजगार के मुद्दे पर ममता ने केंद्र सरकार से सवाल करते हुए कहा कि “दो करोड़ नौकरियों का वादा कहां गया?” उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य सरकार जब भी रिक्त पद भरने की कोशिश करती है तो मामले अदालत में पहुंचाकर भर्तियों को रोका जाता है।
भाजपा पर हमला जारी रखते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि “क्या भाजपा नौकरी देगी? सेना और रेलवे में पद खाली हैं, फिर भी वे वादे कर रहे हैं।” उन्होंने दावा किया कि राज्य सरकार रोजगार देने के लिए प्रतिबद्ध है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के ‘बुलडोजर’ बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए ममता ने कहा कि वह “बुलडोजर की राजनीति में नहीं बल्कि प्यार और विकास की राजनीति में विश्वास करती हैं।”
भ्रष्टाचार और धन के मुद्दे पर उन्होंने भाजपा नेताओं पर पलटवार करते हुए कहा कि “आप दूसरों पर आरोप लगाते हैं लेकिन अपने नेताओं से पूछिए कि हल्दिया बंदरगाह से कितना पैसा जाता है।”
ममता ने मतदाताओं को सावधान करते हुए यह भी कहा कि “भाजपा से पैसा न लें, गलतियां न करें। वे खाते में पैसा देने का लालच देकर बाद में एजेंसियों के जरिए कार्रवाई कर सकते हैं।”
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में 105 सामाजिक योजनाएं चलाई जा रही हैं। उन्होंने डेवचा-पाचामी परियोजना का उल्लेख करते हुए बताया कि इसमें 32 हजार करोड़ रुपये का निवेश होगा और करीब दो लाख लोगों को रोजगार मिलेगा।
उन्होंने यह भी कहा कि चुनावी वादों में उनकी सरकार धोखा नहीं देती और लक्ष्मी भंडार योजना जैसे वादों को पूरा किया गया है।
सोमवार को ममता बनर्जी के चार कार्यक्रम निर्धारित हैं। सिउरी के बाद वह कांकसा, बांकुड़ा और दुर्गापुर में जनसभाएं और पदयात्रा करेंगी, जहां विभिन्न तृणमूल उम्मीदवारों के समर्थन में प्रचार करेंगी।
हिन्दुस्थान समाचार / ओम पराशर
