मुंबई, 16 फरवरी (हि.स.)। जरूरतमंद परिवार के बच्चों को शिक्षा की मुख्यधारा में लाने के लिए महाराष्ट्र में मंगलवार 17 फरवरी से राइट टू एजुकेशन (आरटीई) एक्ट के तहत ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। एडमिशन प्रक्रिया में अभिभावकों को ऑनलाइन आवेदन करना होगा। अभिभावकों को अपने आवासीय पते के एक किलोमीटर के दायरे वाले 10 स्कूलों को चुनना होगा।

महाराष्ट्र के स्कूली शिक्षा विभाग ने आरटीई प्रवेश प्रक्रिया की घोषणा की है. इसमें सरकारी और निजी गैर-अनुदानित विद्यालय शामिल हैं। नए नियमों के तहत अभिभावक आरटीई एडमिशन के लिए 10 निजी गैर-अनुदानित स्कूल चुन सकते हैं। लेकिन सभी स्कूल छात्र के आवासीय पते के एक किलोमीटर के दायरे में होने चाहिए। एक बड़े बदलाव में आवेदक को सभी जरूरी दस्तावेज आवेदन के साथ अपलोड करने होंगे। आरटीई एक्ट के अनुसार निजी गैर-अनुदानित , स्कूलों में 25 प्रतिशत सीटें सामाजिक व आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के बच्चों के लिए आरक्षित हैं। इस साल स्कूली शिक्षा विभाग ने दो बड़े बदलाव किए हैं। इसमें स्कूल चुनने के लिए एक किमी का दूरी और आवेदन के दौरान जरूरी डॉक्यूमेंट ऑनलाइन जमा करना शामिल है।

कुछ अभिभावकों का कहना है कि देरी से घोषणा होने के कारणभ्रम निर्माण हो गया है। क्योंकि नया शैक्षणिक वर्ष सिर्फ तीन महीने दूर है। एडमिशनप्रोसेस दिसंबर-जनवरी में ही शुरू होनी चाहिए थी। संसोधित नीति में एक सख्तटाइमलाइन बताई गई है, जिसमें कहा गया है कि नए शैक्षणिक वर्ष के लिए एडमिशन जनवरी में शुरू होने चाहिए और अप्रैल तक खत्म हो जाने चाहिए।
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हिन्दुस्थान समाचार / वी कुमार
