जम्मू, 15 अप्रैल (हि.स.)। वरिष्ठ भाजपा नेता एवं पूर्व स्वास्थ्य मंत्री बाली भगत ने बुधवार को महिला आरक्षण विधेयक का जोरदार समर्थन करते हुए इसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में एक “ऐतिहासिक और परिवर्तनकारी कदम” बताया। साथ ही उन्होंने विपक्षी दलों पर दोहरे मापदंड अपनाने और पहले इस बिल का विरोध करने का आरोप लगाया। अपने बयान में भगत ने कहा कि महिला आरक्षण बिल का पारित होना और इसके क्रियान्वयन की रूपरेखा सरकार की महिला सशक्तिकरण के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाती है। उन्होंने कहा कि “प्रधानमंत्री मोदी ने एक बार फिर साबित किया है कि वे अपने वादों को पूरा करते हैं और महिला नेतृत्व वाला विकास अब हकीकत बन रहा है।”

विपक्षी दलों समाजवादी पार्टी और राष्ट्रीय जनता दल पर निशाना साधते हुए भगत ने 2010 में बिल पेश किए जाने के दौरान हुए हंगामे को याद किया। उन्होंने कहा कि उस समय संसद में बिल की प्रतियां फाड़ी गईं और अनुचित टिप्पणियां की गईं, जिसे देश भूला नहीं है। भगत ने यह भी कहा कि 2029 के लोकसभा चुनाव से पहले बिल को लागू करने की दिशा में उठाए जा रहे कदम सरकार की गंभीरता को दर्शाते हैं। उन्होंने कहा कि जनगणना प्रक्रिया से जोड़ना एक औपचारिक प्रक्रिया है, लेकिन 33 प्रतिशत आरक्षण जल्द ही हकीकत बनेगा।
उन्होंने कहा कि देशभर में महिलाओं में इस फैसले को लेकर उत्साह है और गांव से लेकर शहर तक इसका स्वागत किया जा रहा है। भगत ने विपक्ष से अपील की कि वह राजनीति से ऊपर उठकर इस महत्वपूर्ण पहल का समर्थन करे।
हिन्दुस्थान समाचार / राहुल शर्मा
