वॉशिंगटन/मैड्रिड, 04 मार्च (हि.स.)। ईरान पर अमेरिकी-इजराइली हमलों को लेकर मतभेदों के बीच स्पेन ने अमेरिकी सेना के साथ सहयोग करने पर सहमति जताई है। यह जानकारी व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लीविट ने बुधवार को दी।

लेविट ने संवाददाताओं से कहा कि स्पेन ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के संदेश को “स्पष्ट रूप से” सुना है और पिछले कुछ घंटों में अमेरिकी सेना के साथ सहयोग के लिए सहमति व्यक्त की है। एक दिन पहले ट्रंप ने मैड्रिड पर व्यापार प्रतिबंध लगाने की चेतावनी दी थी।

राष्ट्रपति ट्रंप ने संकेत दिया था कि यदि स्पेन ने तेहरान के खिलाफ सैन्य अभियान में दक्षिणी स्पेन स्थित संयुक्त नौसैनिक और वायु ठिकानों के उपयोग की अनुमति नहीं दी, तो वह व्यापारिक संबंधों पर पुनर्विचार कर सकते हैं।
स्पेन ने अमेरिकी और इज़राइली बमबारी की आलोचना करते हुए इसे “लापरवाह और अवैध” करार दिया था। उप-प्रधानमंत्री मारिया जीसस मोंटेरो ने कहा कि स्पेन “किसी भी देश का अधीनस्थ नहीं बनेगा।” वहीं प्रधानमंत्री पेड्रो सांचेज ने राष्ट्र के नाम संबोधन में युद्ध-विरोधी रुख दोहराते हुए चेताया कि यह संघर्ष वैश्विक आपदा का कारण बन सकता है।
विश्लेषकों का मानना है कि बढ़ते अंतरराष्ट्रीय दबाव और संभावित आर्थिक परिणामों को देखते हुए स्पेन ने अपने रुख में लचीलापन दिखाया है, हालांकि मैड्रिड ने आधिकारिक तौर पर अपने युद्ध-विरोधी रुख से पीछे हटने की घोषणा नहीं की है।
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हिन्दुस्थान समाचार / आकाश कुमार राय
