खड़गपुर, 10 फरवरी (हि.स.)। भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान(आईआईटी) खड़गपुर के कंप्यूटर विज्ञान और इंजीनियरिंग विभाग के एसोसिएट प्रोफेसर सप्तर्षि घोष को प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय पत्रिका ‘आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस एंड लॉ’ का प्रधान संपादक (एडिटर इन चीफ) नियुक्त किया गया है। स्प्रिंगर द्वारा प्रकाशित यह जर्नल कृत्रिम बुद्धिमत्ता और विधि के क्षेत्र में वैश्विक शोध समुदाय का प्रमुख मंच माना जाता है। प्रो. घोष इस जर्नल के संयुक्त राज्य अमेरिका और यूरोप के बाहर से नियुक्त होने वाले पहले प्रधान संपादक हैं।

एशिया से इस जर्नल के प्रधान संपादकों की संख्या अब तक अत्यंत सीमित रही है। इस उपलब्धि को भारतीय और एशियाई अकादमिक जगत के लिए विशेष महत्व का माना जा रहा है। कृत्रिम बुद्धिमत्ता और विधि जर्नल उच्च गुणवत्ता वाले शोध प्रकाशनों के लिए जाना जाता है, जिसमें कृत्रिम बुद्धिमत्ता, विधिक तर्क, नैतिकता और शासन से जुड़े अध्ययन शामिल हैं। प्रो. घोष के एआई आधारित विधिक प्रणालियों और उत्तरदायी कृत्रिम बुद्धिमत्ता पर अंतरराष्ट्रीय स्तर के शोध योगदानों को इस नियुक्ति में मान्यता मिली है।

प्रो. घोष द इंस्टीट्यूशन ऑफ इंजीनियर्स (इंडिया) और पश्चिम बंगाल विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी अकादमी के फेलो भी हैं। उनके शोध और अंतरराष्ट्रीय अकादमिक सहभागिता ने आईआईटी खड़गपुर की वैश्विक प्रतिष्ठा को और सुदृढ़ किया है।
आईआईटी खड़गपुर के निदेशक प्रो. सुमन चक्रवर्ती ने कहा कि प्रो. सप्तर्षि घोष की नियुक्ति हमारे संस्थान के लिए गर्व का विषय है। संयुक्त राज्य अमेरिका और यूरोप के बाहर से इस पद पर पहली बार चयनित होना भारतीय अकादमिक जगत की बढ़ती वैश्विक प्रभावशीलता को दर्शाता है। हम उन्हें हार्दिक बधाई देते हैं और वैश्विक शोध दिशा में उनके योगदान की कामना करते हैं।
—————
हिन्दुस्थान समाचार / अभिमन्यु गुप्ता
