बिजनौर,25 फरवरी (हि.स.)। बिजनौर मुख्यालय पर बुधवार को कांग्रेस ने ज्योर्तिमठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के खिलाफ दर्ज एफआईआर के विरोध में प्रधानमंत्री के नाम एक ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा है।

पूर्व आईएएस आरके सिंह, पूर्व मंत्री ओमवती देवी, नगर अध्यक्ष हुमायूं बेग, नजाकत अली के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ता पार्टी कार्यालय पर एकत्र हुए और वहां से नारेबाजी करते हुए कलेक्ट्रेट पहुंचे। ज्ञापन में कांग्रेसियों ने आरोप लगाया कि सरकार की हठधर्मिता के कारण शंकराचार्य और उनके शिष्यों को अनावश्यक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है।

ज्ञापन में विशेष रूप से माघ मेला प्रयागराज के दौरान मौनी अमावस्या पर शंकराचार्य और उनके शिष्यों को स्नान करने से रोकने का उल्लेख किया गया। इसमें यह भी बताया गया कि उनके साथ आए बटुकों की चोटी खींचकर उन्हें अपमानित किया गया और थाने ले जाकर प्रताड़ित किया गया। कांग्रेस ने भारतीय संविधान के अनुच्छेद 25 और 26 का हवाला दिया, जो धार्मिक स्वतंत्रता और धार्मिक संप्रदायों को अपने मामलों के प्रबंधन का मौलिक अधिकार प्रदान करते हैं।
पार्टी ने शंकराचार्य और उनके शिष्यों के खिलाफ झूठे मामलों में एफआईआर दर्ज करने की कड़ी निंदा की। कांग्रेस ने प्रधानमंत्री से मांग की है कि एफआईआर दर्ज करने वाले व्यक्तियों की पृष्ठभूमि, परिस्थितियों और प्रेरक तत्वों की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच की जाए तथा उचित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।———————
हिन्दुस्थान समाचार / नरेन्द्र
