
भराड़ीसैंण, 12 मार्च (हि.स.)। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के विधायक शिव अरोरा ने ग्रीष्मकालीन राजधानी भराड़ीसैंण में सत्र के दौरान राज्य में जनसंख्या नियंत्रण कानून लागू करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि तीन से अधिक बच्चों वाले परिवारों को सरकारी सुविधाओं से वंचित किया जाना चाहिए।

गुरुवार काे विधानसभा में भाजपा के सदस्य शिव अराेरा ने कहा कि राज्य में कुछ वर्ग विशेष की ओर से डेमोग्राफी चेंज किया जा रहा है, जिससे उत्तराखंड की सांस्कृतिक और आर्थिक स्थिति प्रभावित हो रही है। उन्होंने सुझाव दिया कि ऐसे परिवारों को सरकारी राशन, आयुष्मान कार्ड के तहत मुफ्त इलाज, सरकारी मकान और गैस सिलेंडर जैसी सुविधाएं नहीं दी जानी चाहिए। अरोरा ने कहा कि मैदानी और पर्वतीय जिलों में बाहरी राज्यों से आए लोग स्थानीय संसाधनों पर दबाव डाल रहे हैं और राज्य के बजट पर असर डाल रहे हैं। उन्होंने ‘हम पांच हमारे पच्चीस’ जैसी मानसिकता का हवाला देते हुए इसे रोकने की आवश्यकता बताई।
विधानसभा सदस्य अराेरा ने यह भी कहा कि जैसे उत्तराखंड में यूसीसी लागू हुआ और मदरसा बोर्ड बंद किया जा रहा है, वैसे ही जनसंख्या नियंत्रण कानून भी राज्य में लाया जाना चाहिए। उन्होंने 2011 की जनगणना के आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि राज्य में मुस्लिम आबादी 14 प्रतिशत से बढ़कर लगभग 18 प्रतिशत हो गई है। अरोरा ने कहा कि सरकार को इस मुद्दे पर विचार करना चाहिए ताकि राज्य की सांस्कृतिक धरोहर और संसाधनों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
हिन्दुस्थान समाचार / राजेश कुमार पांडेय
