चराईदेव (असम), 27 जनवरी (हि.स.)। असम के मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत बिस्व सरमा ने दावा किया कि राज्य में चल रही स्पेशल रिवीजन (एसआर) प्रक्रिया के तहत 4 से 5 लाख ‘मियां’ मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि ‘मियां को कष्ट देना’ उनका काम है और ऐसे लोगों को असम में नहीं, बल्कि बांग्लादेश में वोट देना चाहिए।

मुख्यमंत्री ये टिप्पणियां चराईदेव जिले के माहमरा विधानसभा क्षेत्र में आयोजित महिला उद्यमिता चेक वितरण कार्यक्रम में भाग लेने के बाद पत्रकारों से बातचीत में कीं।
2026 के विधानसभा चुनाव को लेकर भरोसा जताते हुए डॉ. सरमा ने कहा कि असम में भाजपा के नेतृत्व वाला गठबंधन निश्चित रूप से फिर से सरकार बनाएगा। उन्होंने दावा किया कि भाजपा गठबंधन इस समय 96 विधानसभा सीटों पर बढ़त में है, जबकि सरकार गठन के लिए केवल 64 सीटों की आवश्यकता होती है। मुख्यमंत्री के अनुसार, वर्तमान में गठबंधन के पास 32 सीटों का अतिरिक्त लाभ है।
कांग्रेस नेता गौरव गोगोई पर निशाना साधते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि 26 जनवरी हो या 15 अगस्त, गौरव गोगोई कहीं नजर नहीं आते। उन्होंने आरोप लगाया कि गोगोई के चार सदस्यीय परिवार में से तीन सदस्य विदेशी हैं और सवाल उठाया कि ऐसे में गौरव गोगोई कैसे स्वदेशी हो सकते हैं।
मुख्यमंत्री के इन बयानों के बाद राज्य की राजनीति में तीखी प्रतिक्रिया की संभावना जताई जा रही है, खासकर मतदाता सूची के विशेष पुनरीक्षण और आगामी विधानसभा चुनावों को लेकर।
हिन्दुस्थान समाचार / श्रीप्रकाश
