जमशेदपुर, 20 मार्च (हि.स.)। पवित्र रमजान महीने के आखिरी जुमे यानी अलविदा जुम्मा के अवसर पर शुक्रवार को जमशेदपुर में अकीदत और आस्था का नजारा देखने को मिला।

शहर की प्रमुख मस्जिदों साकची, मानगो, आजादनगर, बिष्टुपुर और कदमा में सुबह से ही नमाज अदा करने के लिए हजारों की संख्या में नमाजी जुटे। सभी ने मिलकर देश और राज्य में अमन, शांति और खुशहाली की दुआ मांगी।
नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर अलविदा जुम्मा की मुबारकबाद दी, जिससे पूरे माहौल में भाईचारे और एकता की भावना साफ झलक रही थी।
इस दौरान प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद नजर आया। संवेदनशील और भीड़भाड़ वाले इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की गई थी। शहर के प्रमुख चौक-चौराहों पर ट्रैफिक पुलिस तैनात रही, जिससे यातायात व्यवस्था सुचारू बनी रही और कहीं भी अव्यवस्था की स्थिति उत्पन्न नहीं हुई। खासकर मानगो, साकची और जुगसलाई क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखी गई।
अलविदा जुम्मा के साथ ही अब ईद-उल-फितर की तैयारियां भी तेज हो गई हैं। शहर के बाजारों में रौनक बढ़ गई है। लोग कपड़े, जूते, सेवइयां और अन्य जरूरी सामानों की खरीदारी में जुट गए हैं। साकची, बिष्टुपुर और मानगो के बाजार देर रात तक गुलजार रहे।
वहीं, सामाजिक संगठनों और स्थानीय युवाओं ने भी सेवा का उदाहरण पेश किया। नमाजियों के लिए जगह-जगह पानी, शरबत और खजूर की व्यवस्था की गई, जिससे रोजेदारों को काफी सहूलियत मिली।
अलविदा जुम्मा के इस मौके पर जमशेदपुर में भाईचारे और सामाजिक सहयोग का सुंदर संगम देखने को मिला, जो आने वाली ईद की खुशियों का संकेत दे रहा है।————
हिन्दुस्थान समाचार / गोविंद पाठक
