जींद, 12 मार्च (हि.स.)। जिले में कानून व्यवस्था बनाए रखने तथा हालातों से निपटने के लिए पुलिस लाइन में पुलिस कर्मियों को विशेष प्रशिक्षण दिया गया। अभ्यास के माध्यम से पुलिसकर्मियों ने अपनी ताकत का आंकलन भी किया। प्रशिक्षण में जिला पुलिस द्वारा अपराध नियंत्रण व कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए गठित कंपनी ए तथा बी के जवानों को विशेष रूप से प्रशिक्षित किया गया।

पुलिस प्रवक्ता राजेश कुमार ने गुरुवार काे बताया कि रैपिड एक्शन फोर्स के डिप्टी कमान्डेंट सुनील कुमार के नेतृत्व में रैपिड एक्शन फोर्स के निरीक्षक प्रदीप कुमार व अन्य स्टाफ ने बी कपंनी में तैनात जवानों को भीड़ नियंत्रण से संबंधित आधुनिक तकनीकों एवं उपकरणों के प्रभावी उपयोग के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी दी गई। इस दौरान जवानों को बताया गया कि किसी भी आपात स्थिति या भीड़भाड़ वाले माहौल में किस प्रकार संयम, सूझबूझ और रणनीति के साथ कानून व्यवस्था को बनाए रखा जा सकता है। प्रशिक्षण के दौरान वज्रा वाहन के उपयोग, उसकी विशेषताओं तथा भीड़ नियंत्रण में उसकी भूमिका के बारे में विस्तार से समझाया गया। इसके साथ ही वाटर कैनन के प्रभावी प्रयोग के बारे में भी जवानों को व्यावहारिक रूप से जानकारी दी गई ताकि किसी भी संभावित भीड़भाड़ या तनावपूर्ण स्थिति में कम से कम बल प्रयोग करते हुए हालात को नियंत्रित किया जा सके। प्रशिक्षण में उपस्थित अधिकारियों ने जवानों को यह भी बताया कि किसी भी कानून व्यवस्था की स्थिति में धैर्य, अनुशासन और पेशेवर तरीके से कार्य करना अत्यंत आवश्यक हैं। ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रम पुलिसबल की कार्यकुशलता को बढ़ाने के साथ-साथ जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इस मौके पर सीडीआई सतीश कुमार, लाइन अफसर महेन्द्र सिंह सहित पुलिस के अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित रहे तथा बड़ी संख्या में जवानों ने प्रशिक्षण में भाग लेकर भीड़ नियंत्रण से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां प्राप्त की। एसपी कुलदीप सिह ने बताया कि पुलिस द्वारा समय-समय पर इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं ताकि आपात स्थिति में पुलिस बल पूरी तत्परता और दक्षता के साथ हालातों से निपट सके और जनता की सुरक्षा व कानून व्यवस्था बनाए रखा जा सके।
हिन्दुस्थान समाचार / विजेंद्र मराठा
