पश्चिम मेदिनीपुर, 08 फरवरी (हि. स.)। जिले के गड़बेता में रविवार सुबह एक दलछुटे दंतैल हाथी के हमले से दो ग्रामीण गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों की पहचान सुनील राम (55) और हिमांशु कारक (60) के रूप में हुई है। दोनों को गंभीर हालत में पहले शालबनी सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल ले जाया गया, जहां से उन्हें मेदिनीपुर मेडिकल कॉलेज व अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

जानकारी के अनुसार, रविवार तड़के नयाबसत रेंज के अंतर्गत गड़बेता-तीन ब्लॉक के मंगलपाड़ा गांव में यह घटना घटी। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, सुनील राम घर से कुछ दूरी पर आलू के खेत में पानी देने गए थे। तभी जंगल से निकलकर आए एक दलछुटे दंतैल हाथी ने उन पर हमला कर दिया। भागने की कोशिश में वह असफल रहे। हाथी ने सूंड से लपेटकर उन्हें जमीन पर पटक दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए। उनकी चीख-पुकार सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे और उन्हें अस्पताल पहुंचाया।

इसके बाद हाथी ने गांव के ही हिमांशु कारक पर भी हमला कर दिया। वह अपने घर के सामने तालाब किनारे गए थे, तभी हाथी ने उन पर धावा बोल दिया। उन्हें भी गंभीर हालत में मेदिनीपुर मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है।
सुनील राम के परिजन पार्थ राम ने बताया कि आलू के खेत में काम करने के दौरान जंगल से निकलकर हाथी ने हमला कर दिया। वहीं, गांव के निवासी राजू हाथी और निमाई कोले ने कहा कि ग्रामीणों की तत्परता से बड़ा हादसा टल गया। इलाके में लगातार हाथियों की आवाजाही से लोग भय के माहौल में जी रहे हैं। फसलें नष्ट हो रही हैं और घरों को भी नुकसान पहुंच रहा है।
नयाबसत रेंज के प्रभारी अधिकारी राहुल भौमिक ने बताया कि क्षेत्र में छह हाथी मौजूद हैं। ग्रामीणों को पहले ही सतर्क किया गया था। इसके बावजूद दलछुटे दंतैल ने हमला किया। वन विभाग पीड़ित परिवारों के साथ है और हर संभव सहयोग किया जाएगा।
इधर, शालबनी के गोदापियाशाल इलाके में शनिवार शाम को लगभग 40 हाथियों का झुंड देखा गया था, जो रविवार तड़के भादुतला होते हुए करनगढ़ इलाके में पहुंच गया। यहां हाथियों ने दो कच्चे मकानों को तोड़कर क्षतिग्रस्त कर दिया। वन विभाग की ओर से प्रभावितों को उचित मुआवजा देने का आश्वासन दिया गया है।
मेदिनीपुर वन विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि फिलहाल विभागीय क्षेत्र में करीब 100 हाथी मौजूद हैं। इतनी बड़ी संख्या को संभालने के लिए पर्याप्त संसाधन और जनबल नहीं है, फिर भी सीमित क्षमता में वनकर्मी लगातार निगरानी और बचाव कार्य में जुटे हुए हैं। आम लोगों से सतर्क रहने की अपील की गई है।
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हिन्दुस्थान समाचार / अभिमन्यु गुप्ता
