पौड़ी गढ़वाल, 10 मार्च (हि.स.)। अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के उपलक्ष्य में राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष कुसुम कंडवाल की अध्यक्षता में महिला जनसुनवाई कार्यक्रम आयोजित किया गया।

मंगलवार को आयोजित महिला जनसुनवाई के दौरान कुल 18 वादों की सुनवाई की गई, जिनमें से 13 वाद आयोग में पूर्व से लंबित थे। अधिकांश मामलों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। जनसुनवाई के दौरान शिक्षा विभाग की एक महिला प्रधानाचार्य द्वारा खंड शिक्षा अधिकारी पर मानसिक उत्पीड़न और वेतन बाधित करने के आरोपों पर कड़ा संज्ञान लेते हुए अध्यक्ष ने जिलाधिकारी स्तर पर जांच कमेटी गठित करने और आरोपित अधिकारी के तत्काल स्थानांतरण के निर्देश मुख्य शिक्षा अधिकारी को दिए।
इसी क्रम में यमकेश्वर क्षेत्र से प्राप्त फोटो वायरल करने की शिकायत और पुलिस की शिथिलता पर नाराजगी जताते हुए अध्यक्ष ने पुलिस क्षेत्राधिकारी को दोषियों के विरुद्ध अविलंब मुकदमा दर्ज कर कठोर कार्रवाई के आदेश दिए। वहीं, सीएचसी पाबौ में तैनात एक नर्सिंग अधिकारी द्वारा सहकर्मी रोहित रावत पर शराब पीकर अभद्र व्यवहार और सोशल मीडिया पर बदतमीजी करने की शिकायत पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी को तत्काल स्पष्टीकरण व स्थानांतरण सुनिश्चित करने को कहा गया। साथ ही, 53 वर्षीय पीड़िता मंजू देवी का ई-श्रम कार्ड न बनने की समस्या का मौके पर ही समाधान कराते हुए अधिकारियों को तत्काल कार्ड जारी करने के निर्देश दिए गए।
जनसुनवाई के दौरान वन स्टॉप सेंटर की समीक्षा में पाया गया कि अप्रैल 2025 से अब तक 540 पंजीकृत मामलों में से 460 का सफल निस्तारण किया जा चुका है। इस मौके पर जिला कार्यक्रम अधिकारी देवेंद्र थपलियाल, जिला पंचायत सदस्य टीला शिवचरण नौटियाल, पीडी डीआरडीए विवेक कुमार उपाध्याय आदि शामिल रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / कर्ण सिंह
