फरीदाबाद, 11 मार्च (हि.स.)। फरीदाबाद के आदर्श नगर इलाके में 29 वर्षीय अरीब की हत्या के मामले में दिल्ली पुलिस ने दो लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की है। पुलिस ने इस मामले में दिल्ली के करावल नगर निवासी हर्ष तोमर और फरीदाबाद में रह रहे राहुल प्रजापति को अलीगढ़ से गिरफ्तार किया है। दोनों से पूछताछ के बाद पुलिस ने हत्या की गुत्थी सुलझाने का दावा किया है। मिली जानकारी के अनुसार, अरीब की आखिरी बातचीत हर्ष तोमर के मोबाइल नंबर से हुई थी। हर्ष तोमर ने पूछताछ में बताया कि अरीब स्क्रैप का माल खरीदने वाला था और उसकी बातचीत राहुल प्रजापति से हुई थी, जो फरीदाबाद में रहता है। अरीब ने एक दिन पहले ही राहुल से कुछ माल खरीदा था और अगले दिन और माल खरीदने के लिए फरीदाबाद जाने की बात कही थी। अरीब के परिजनों के अनुसार, साथ मार्च को तीन लाख रुपये लेकर अपनी एक्टिवा स्कूटी से राहुल प्रजापति से स्क्रैप का माल खरीदने के लिए निकला था। दोपहर तक उसकी आखिरी बातचीत राहुल प्रजापति से हुई थी। उसके बाद उसका फोन बंद हो गया। मोबाइल लोकेशन के अनुसार, उसकी अंतिम लोकेशन फरीदाबाद की संजय कॉलोनी और फिर आदर्श नगर इलाके में मिली थी। दिल्ली पुलिस ने जांच के दौरान हर्ष तोमर को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जिसमें उसने राहुल प्रजापति का नाम बताया। पुलिस जब फरीदाबाद के संजय कॉलोनी स्थित उसके किराए के घर पहुंची तो पता चला कि वह दो दिन पहले ही घर खाली कर अलीगढ़ चला गया था। इसके बाद पुलिस ने टेंपो चालक को हिरासत में लिया, जिसने बताया कि राहुल प्रजापति ने अरीब को माल दिखाने के लिए अपने साथ भेजा था। टेंपो चालक ने राहुल का अलीगढ़ वाला नंबर पुलिस को दिया, जिसके आधार पर पुलिस ने अलीगढ़ में छापा मारकर उसे गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में राहुल प्रजापति ने पुलिस को बताया कि उसने सात मार्च को अरीब को कैश लेकर फरीदाबाद बुलाया था। माल दिखाने के बहाने वह उसे आदर्श नगर के सेक्टर 61 के पास ले गया, जहां उसने लूटपाट की नीयत से उसकी हत्या कर दी और शव को जंगलों में फेंक दिया। राहुल द्वारा बताए गए स्थान पर पुलिस पहुंची तो रेलवे लाइन के पास जंगलों में अरीब का शव बरामद हुआ। शव की हालत बेहद खराब थी। कुत्तों ने शव के पैरों का मांस नोच लिया था और हड्डियां दिखाई दे रही थीं। अरीब के दोनों हाथ कपड़े से बंधे हुए थे। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर मोर्चरी में रखवाया और परिजनों को सूचना दी। दिल्ली पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और तीसरे आरोपी बाबू की तलाश जारी है। पुलिस का कहना है कि यह गैंग स्क्रैप के नाम पर लोगों को सस्ते माल का लालच देकर बुलाता था और फिर लूटपाट की वारदात को अंजाम देता था। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गहन जांच कर रही है और अन्य संभावित आरोपियों की तलाश में छापेमारी जारी है।

हिन्दुस्थान समाचार / -मनोज तोमर
