बिलासपुर, 26 मार्च (हि.स.)। छत्तीसगढ़ के बिलासपुर के सिम्स अस्पताल में डॉक्टरों ने एक जटिल ऑपरेशन को सफलतापूर्वक अंजाम देते हुए मरीज की जांघ में फंसी गोली निकाल दी। समय रहते की गई सर्जरी से न केवल संक्रमण का खतरा टला, बल्कि मरीज का पैर भी सुरक्षित बचा लिया गया।

छत्तीसगढ़ के बिलासपुर स्थित सिम्स अस्पताल में डॉक्टरों की टीम ने कुशलता का परिचय देते हुए एक गंभीर रूप से घायल मरीज की सफल सर्जरी की है। पामगढ़ अस्पताल से रेफर किए गए पंकज कश्यप को 23 मार्च को जांघ में गोली लगने के बाद सिम्स लाया गया था।
मरीज की हालत नाजुक थी, क्योंकि गोली जांघ की अहम रक्त वाहिकाओं के बेहद करीब फंसी हुई थी। ऐसे में संक्रमण फैलने और पैर को नुकसान पहुंचने का खतरा बना हुआ था। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए डॉक्टरों ने बिना देर किए इमरजेंसी ऑपरेशन करने का निर्णय लिया। हड्डी रोग विभाग के डॉ. तरुण सिंह के नेतृत्व में सर्जन टीम ने पूरी सावधानी के साथ ऑपरेशन शुरू किया।
डॉ. सिंह ने आज गुरूवार काे बताया कि, शरीर में गोली के लंबे समय तक रहने से संक्रमण का खतरा बढ़ सकता था। वहीं, गोली का संवेदनशील हिस्से के पास होना सर्जरी को और जटिल बना रहा था। काफी सावधानी और तकनीकी दक्षता के साथ टीम ने आज गुरूवार काे सफलतापूर्वक गोली को बाहर निकाल लिया। ऑपरेशन के बाद मरीज की स्थिति स्थिर बताई जा रही है और उसका पैर भी सुरक्षित है।
डॉक्टरों की इस सफलता से न केवल मरीज और उसके परिजनों ने राहत की सांस ली, बल्कि सिम्स अस्पताल की चिकित्सा क्षमता भी एक बार फिर साबित हुई है।
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हिन्दुस्थान समाचार / विष्णु पांडेय
