उधमपुर, 25 जनवरी (हि.स.)

मनरेगा बचाओ संग्राम के तहत ऊधमपुर जिले के रामनगर विधानसभा क्षेत्र के गांव चौकी चंद्रोड़ में एक विशाल जनसभा का आयोजन किया गया। जनसभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं ने केंद्र की भाजपा सरकार पर मनरेगा जैसीजनकल्याणकारी योजना को कमजोर करने का गंभीर आरोप लगाया।
पूर्व विधायक ठाकुर बलवीर सिंह ने कहा कि मनरेगा देश के गरीब और ग्रामीण मजदूरों के लिए जीवनरेखा है लेकिन केंद्र सरकार की नई नीतियों और नियमों ने इस योजना को लगभग निष्क्रिय कर दिया है।
उन्होंने कहा, “मनरेगा मजदूरों का कानूनी अधिकार है, लेकिन नए कानूनों, ऑनलाइन प्रक्रियाओं और तकनीकी शर्तों के जरिए गरीब मजदूरों को योजना से बाहर किया जा रहा है। मजदूरी का भुगतान महीनों तक रोका जा रहा है, जिससे मजदूरों के सामने भुखमरी जैसी स्थिति पैदा हो रही है।
उन्होंने मनरेगा के बजट में की जा रही कटौती पर सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार जानबूझकर इसका बजट घटा रही है ताकि ग्रामीणों को मजबूर होकर रोज़गार की तलाश में शहरों की ओर पलायन करना पड़े।
कांग्रेस महासचिव सतीश शर्मा ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि मनरेगा के नाम पर लाए गए नए नियम वास्तव में इस योजना को खत्म करने की साजिश हैं।
उन्होंने कहा, “काम पूरा होने के बावजूद मजदूरों को समय पर मेहनताना नहीं मिल रहा। तकनीकी खामियों और ऑनलाइन अप्रूवल के नाम पर भुगतान रोका जा रहा है। यह सीधे तौर पर गरीब मजदूर के हक पर हमला है।
सतीश शर्मा ने कहा कि भाजपा सरकार की जनविरोधी नीतियों के कारण ग्रामीण अर्थव्यवस्था कमजोर हो रही है और बेरोजगारी लगातार बढ़ती जा रही है।
—————
हिन्दुस्थान समाचार / रमेश गुप्ता
