

बिजनौर, २० मार्च (हि.स.)| उत्तर प्रदेश के जनपद बिजनौर के तहसील नजीबाबाद के थाना मंडावली के कई गांवों में कुट्टू का आटा खाकर लगभग 30 लोग फूड प्वाइजनिंग का शिकार हो गये हैं। इसके बाद जनपद के नागरिकों में व्रत के दौरान उपयोग में लाए जाने वाले खाद्य पदार्थों को लेकर शंकाएं बढ़ गई हैं। जिले के लोग जिम्मदारों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।

धार्मिक संस्थान विष्णु लोक के संचालक पंडित अभिलाष शर्मा ने कहा कि हर साल नवरात्र पर बड़ी संख्या में लोग व्रत रखते हैं। व्रत में उपयोग होने वाली खाद्य वस्तुएं बड़ी मात्रा में प्रयोग की जाती हैं। उन्होंने मंडावली क्षेत्र में हुई घटना के बारे में रोष प्रकट करते हुए जिला प्रशासन से जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए।
जानकीपुरम कॉलोनी स्थित नारायण धाम के मुख्य पुजारी पंडित गौरव ने मंडावली क्षेत्र में हुई घटना को लेकर जिला प्रशासन के प्रति नाराजगी प्रकट करते हुए कहा कि खाद्य विभाग अपने कर्तव्यों के प्रति गंभीर नहीं है। पिछले वर्ष भी नव दुर्गे के अवसर पर ही जनपद में कुट्टू के आटे से कई जगह फूड प्वाइजनिंग हुई थी। इसलिए भी इस वर्ष विशेष सतर्कता बरतनी चाहिए थी। उन्होंने कहा कि गांवों में त्योहारों के अवसर पर सस्ती मिठाइयां बिकती हैं। इस कारण ग्रामों में अक्सर ग्रामीण बीमारियों के शिकार होते हैं। सरकार को जिम्मेदार विभाग पर कड़ी कार्रवाई करनी चाहिए।
जनपद के प्रसिद्ध ज्योतिषाचार्य अरविंद शास्त्री ने भी घटना के प्रति गुस्सा जाहिर करते हुए खाद्य विभाग की लापरवाही को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने ने जिम्मेदार विक्रेता तथा खाद्य विभाग के विरुद्ध कार्रवाई करने की मांग की है।
इस मामले में फूड इंस्पेक्टर संजीव कुमार ने बताया कि नजीबाबाद मोटा आम मार्केट में कुट्टू के आटे के जिम्मेदार विक्रेता के यहां से सैम्पल लिये गये हैं। इसके अलावा अन्य विक्रेताओं के यहां से भी आटे व अन्य सामान के सैम्पल लेकर जांच के लिए भेजें जा रहें हैं।
हिन्दुस्थान समाचार / नरेन्द्र
