अनूपपुर, 28 जनवरी (हि.स.)। मध्य प्रदेश के पूर्व मंत्री एवं अनूपपुर विधायक बिसाहूलाल सिंह ने बुधवार को प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को पत्र लिखकर विश्व विख्यात धार्मिक व पर्यटक नगरी अमरकंटक में (पूर्व में घोषित) नर्मदा लोक बनाए जाने का आग्रह किया है। ज्ञात हो कि अमरकंटक में भव्य नर्मदा महलोक में शक्ति लोक कॉरिडोर का निर्माण की घोषण अगस्त 2023 में तत्कामलीन मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने किया था। उन्होंने कहां था कि अमरकंटक को पवित्र बनाए रखने के लिए उद्गम मन्दिर परिसर से दूर न्यू अमरकंटक सिटी भी बनाई जाएगी। जिसका निर्माण 100 करोड़ की लागत से होगा।
विधायक बिसाहूलाल सिंह ने लिखे पत्र में कहा हैं कि मैं कल विंध्य एवं सतपुड़ा की पर्वत श्रेणियो के मध्य पवित्र पौराणिक तीर्थ स्थली, जिसका वर्णन वेद पुराणों में होता रहा है, जिस पवित्र धरा में ऋषि भृगु, मार्कण्डेय और कपिल मुनि की तपोस्थली व ओंकारेश्वर के प्रकटोस्थली, भगवान विष्णु और सती की शक्तिपीठ के ऐतिहासिक स्थल पर पापमोचिनी माँ नर्मदा नदी भगवान शिव की तपस्या से 12 वर्षीय कन्या के रुप मे प्रगट हुई थी और एक पवित्र सलिला के रुप में अमरकंटक से पश्चिम की ओर एक पतली धारा के रुप में कपिल मुनी के आश्रम के पास कपिल धारा जलप्रपात, दूग्धधारा, भेड़ाघाट, धुआंधार जलप्रपात, सहस्त्र धारा जलप्रपात, बनाते हुये विभिन्न प्रांतो से प्रवाहित होते हुये भरुच के पास खंभात की खाड़ी (अरब सागर) में विलीन होती है। विंध्य और सतपुड़ा की दरारो से लेकर खंभात की खाड़ी के मध्य की भूमि को अपने पवित्र अमृतरुपी जल से सींचकर वनों को हराभरा एवं धरा की उर्वरा शक्ति को बढ़ाते हुये कृषको के जीवन को खुशहाल व समृध्दशाली बनाने वाली माँ नर्मदा के आलावा सोन नदी एवं जुहिला जैसे पवित्र नदियों के उद्गम स्थली को प्रकृति भी अपनी आलौकिक छटा से पूरे साल सौंदर्यता एवं मनमोहकता व शीतलता से आच्छादित कर सुखमय बनाने वाले स्थल को महाकालेश्वर, ओंकारेश्वर व आयोध्या और मथुरा-काशी व बनारस (वाराणसी) की भांति नर्मदा लोक का निर्माण कराया जाकर पौराणिक मान्यता और देवभूमि अमरकंटक (अमरकंठ) रुपी अमरावति को सौदर्यता से परिपूर्ण कर देदीप्यमान बनाकर भारतीय संस्कृति एवं आस्था को मूर्त एवं प्राकृतिक परिदृश्य को जीवंत बनाये जाने का विशेष आवश्यकता है।
पूर्व मंत्री ने मैकल, विंध्य व सतपुड़ा पर्वत श्रेणियो के मध्य में स्थित पौराणिक ऐतिहासिक पवित्र तीर्थ स्थली मैकलपुत्री (मैकलसुता/ रुद्रकन्या/ सोमप्रभवाः/ नर्मदा/रेवा उद्भव/उदगम) सोनभद्र व जुहिला उद्गम नगरी अमरावती रुपी अमरकंटक (अमरकंठ) में नर्मदालोक बनाये जाने का बात कहीं हैं।
हिन्दुस्थान समाचार / राजेश शुक्ला
