पूर्वी सिंहभूम, 28 जनवरी (हि.स.)। शहर के ग्वाला पट्टी निवासी 36 वर्षीय जिम संचालक सुनील कुमार यादव उर्फ वतन यादव का मंगलवार देर रात हृदय गति रुक जाने से निधन हो गया।
उनके असामयिक निधन से न केवल परिवार बल्कि पूरे मोहल्ले और शहर में शोक की लहर दौड़ गई है। मिलनसार और समाजसेवी स्वभाव के लिए पहचाने जाने वाले वतन यादव के चले जाने से हर वर्ग के लोग गहरे दुख में हैं।
परिजनों के अनुसार, सुनील कुमार यादव पिछले कुछ दिनों से बीमार चल रहे थे। उनका इलाज जमशेदपुर में चल रहा था, जहां डॉक्टर उमेश खान उनकी देखरेख कर रहे थे। गत मंगलवार की रात लगभग 2:00 बजे वे अपने निवास पर ही थे, तभी अचानक उनकी छाती में तेज दर्द उठा और वे बेचैन हो गए। परिजनों ने आनन-फानन में डॉक्टर को घर बुलाया। डॉक्टर के पहुंचने के बाद जांच की गई, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। डॉक्टरों के अनुसार, उनकी मृत्यु का कारण हृदय गति रुक जाना बताया गया है।
परिवार ने बताया कि सुनील कुमार यादव अपने पीछे लगभग छह वर्षीय एक पुत्र को छोड़ गए हैं। परिवार पर इस दुखद घटना से दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। परिजन, रिश्तेदार और मित्र लगातार उनके घर पहुंचकर शोक संवेदना प्रकट कर रहे हैं।
मोहल्ले वासियों और मित्रों का कहना है कि वतन यादव हमेशा समाज के कार्यों में आगे रहते थे। वे बेहद मिलनसार, मृदुभाषी और मददगार स्वभाव के थे। किसी भी सामाजिक कार्य या जरूरतमंद की सहायता के लिए वे सदैव तत्पर रहते थे। उनकी इसी छवि के कारण वे युवाओं और बुजुर्गों के बीच लोकप्रिय थे।
उनके निधन की खबर मिलते ही झारखंड सरकार के पूर्व मंत्री बड़कुंवर गागराई भी उनके घर पहुंचे और परिवार को ढांढस बंधाया। अंतिम संस्कार में मोहल्ले वासी सहित शहर के विभिन्न वर्गों के लोग बड़ी संख्या में शामिल हुए। इस अवसर पर पूर्व मंत्री बड़कुंवर गागराई ने शोक व्यक्त करते हुए कहा कि एक युवा का इस तरह असमय चले जाना बेहद मर्माहत करने वाला है। उन्होंने कहा कि वतन यादव हमेशा समाज के लिए सक्रिय रहते थे और उनका जाना समाज के लिए एक बड़ी क्षति है। ईश्वर उनकी पुण्य आत्मा को शांति प्रदान करें और परिवार को इस दुख को सहने की शक्ति दें।
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हिन्दुस्थान समाचार / गोविंद पाठक
