– महापौर ने किया बर्तन भंडार का लोकार्पण एवं डस्टबिन का वितरण

अयोध्या, 29 जनवरी (हि.स.)। स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण एवं महिला सशक्तिकरण की दिशा में अयोध्या नगर निगम ने अनूठी पहल की है। इसके तहत कृष्णानगर वार्ड में बर्तन भंडार का महापौर महंत गिरीशपति त्रिपाठी ने चिंतन इन्वायरमेंटल रिसर्च एंड एक्शन ग्रुप, एसवीआई फाउंडेशन, एसबीआई कंजर्व के सहयोग से समारोह पूर्वक किया। उन्होंने स्वयं सहायता समूह को बर्तन भंडार सौंपा। इसका एकल उपयोग सामुदायिक आयोजनों में प्लास्टिक के विकल्प के रूप में किया जा सकेगा। इसके साथ ‘वेस्ट नो मोर इन अयोध्या’ अभियान के तहत डस्टबिन वितरण भी किया गया।

महापौर ने स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को बर्तन भंडार के उपयोग, रखरखाव तथा इसके व्यापक उद्देश्य पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि यह पहल न केवल प्लास्टिक मुक्त अयोध्या के लक्ष्य को मजबूती देगी, बल्कि नागरिकों के व्यवहार में सकारात्मक परिवर्तन लाने का माध्यम भी बनेगी। इस दौरान महापौर ने उपस्थित नागरिकों से गीला कचरा हरे डस्टबिन एवं सूखा कचरा नीले डस्टबिन में डालने की अपेक्षा की। उन्होंने कहा कि इससे अयोध्या की कचरा प्रबंधन प्रणाली को वैज्ञानिक और प्रभावी बनाया जा सकेगा। महापौर ने बताया कि नगर के चार वार्डों में 10 हजार डस्टबिन एवं कपड़े के झोले वितरित करेगा, ताकि लोग प्लास्टिक के थैलों के प्रयोग से बच सके।
इस अवसर पर नगर आयुक्त जयेंद्र कुमार ने कहा कि कचरा पृथक्करण और सामुदायिक बर्तन भंडार जैसी पहल स्वच्छ, सतत और जिम्मेदार शहरी विकास की मजबूत आधारशिला हैं।
नगर निगम के जनसंपर्क अधिकारी मुकेश कुमार पांडे ने बताया कि कार्यक्रम का संयुक्त संचालन मुख्य संयोजक आलोक सिंह राना एवं एकता भटनागर ने किया। कार्यक्रम में पार्षद रमाशंकर निषाद, सहायक नगर आयुक्त गुरुप्रसाद पाण्डेय, चिंतन इन्वायरमेंटल रिसर्च एंड एक्शन ग्रुप की ओर से विमल कुमार, सुलभ मिश्र, नेहा वर्मा, आदर्श यादव, सुंदरी कुमारी और बड़ी संख्या में महिलाएं एवं स्थानीय गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / पवन पाण्डेय
