शिमला, 29 जनवरी (हि.स.)। देश में पहली फरवरी को पेश होने वाले केंद्रीय बजट को लेकर हिमाचल प्रदेश सरकार ने केंद्र से आर्थिक राहत की उम्मीद जताई है। प्रदेश सरकार का कहना है कि सीमित संसाधनों वाले हिमाचल जैसे पहाड़ी राज्य के लिए केंद्र की मदद बेहद जरूरी है। लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह और शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने केंद्रीय बजट से जुड़े मुद्दों पर अपनी-अपनी अपेक्षाएं सामने रखी हैं।

लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि हिमाचल प्रदेश की आय के स्रोत सीमित हैं और ऐसे में राज्य को केंद्र पर निर्भर रहना पड़ता है। उन्होंने उम्मीद जताई कि आने वाले बजट में रिवेन्यू डेफिसिट ग्रांट (आरडीजी) और जीएसटी कंपनसेशन सेस की राशि में बढ़ोतरी की जाएगी। इसके साथ ही उन्होंने प्रधानमंत्री द्वारा पूर्व में घोषित 1500 करोड़ रुपये की सहायता राशि मिलने की भी उम्मीद जताई है।

विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि हिमाचल एक छोटा राज्य है, लेकिन सीमित संसाधनों के बावजूद प्रदेश ने हर क्षेत्र में विकास किया है और केंद्र से सहयोग मिलना जरूरी है।
केंद्र से सड़कों के निर्माण के लिए मिलने वाली सहायता पर उन्होंने कहा कि प्रदेश में चाहे किसी भी पार्टी की सरकार हो, लेकिन परियोजनाओं की डीपीआर राज्य सरकार ही तैयार करती है। सरकार ने अधिकारियों को समय पर और मजबूत डीपीआर बनाने के निर्देश दिए थे। इसके चलते केंद्र से आर्थिक मदद मिली। उन्होंने यह भी कहा कि प्रदेश के भाजपा नेताओं ने भी हिमाचल का पक्ष केंद्र के सामने रखा होगा।
वहीं, शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने भी केंद्रीय बजट से हिमाचल को राहत मिलने की उम्मीद जताई है। उन्होंने कहा कि राज्य को आरडीजी और जीएसटी कंपनसेशन में बढ़ोतरी की जरूरत है, जिससे आपदा से हुए नुकसान की भरपाई की जा सके।
रोहित ठाकुर ने कहा कि हिमाचल में हाल के वर्षों में आई आपदाओं से राज्य को भारी नुकसान हुआ है, जिसे बजट में ध्यान में रखा जाना चाहिए। उन्होंने सेब उत्पादकों के हित में विदेशी सेब पर इंपोर्ट ड्यूटी बढ़ाने की मांग भी उठाई।
यूजीसी के नए नियमों को लेकर शिक्षा मंत्री ने कहा कि किसी भी नियम का दुरुपयोग नहीं होना चाहिए। यह मामला फिलहाल सुप्रीम कोर्ट में विचाराधीन है, इसलिए इस पर ज्यादा टिप्पणी करना उचित नहीं है। उन्होंने बताया कि शिक्षा विभाग में कई पदों पर भर्तियां की जा रही हैं। आया के पदों के साथ-साथ एनटीटी की भर्ती प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा रहा है। इसके अलावा सीबीएसई में परिवर्तित स्कूलों में शिक्षकों की नियुक्ति पर भी सरकार काम कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार युवाओं को रोजगार देने के लिए प्रतिबद्धता के साथ काम कर रही है।
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हिन्दुस्थान समाचार / उज्जवल शर्मा
