ब्रसेल्स, 29 जनवरी (हि.स.)। यूरोपीय संघ (ईयू) ने ईरान के खिलाफ कड़ा रुख अपनाते हुए उसकी इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) को आतंकी संगठनों की सूची में शामिल कर लिया है। गुरुवार को ईयू के विदेश मंत्रियों ने इस फैसले पर सहमति जताई, जिसे ईरान के नेतृत्व के प्रति यूरोप की नीति में एक बड़ा और प्रतीकात्मक बदलाव माना जा रहा है। अब आईआरजीसी को इस्लामिक स्टेट और अल-कायदा जैसे आतंकी संगठनों की श्रेणी में रखा गया है।

ईयू की विदेश नीति प्रमुख काजा कालास ने कहा कि दमन को अनदेखा नहीं किया जा सकता। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि जो शासन अपने ही हजारों नागरिकों की हत्या करता है, वह अपने ही पतन की ओर बढ़ रहा है। हाल के दिनों में ईरान में सरकार विरोधी प्रदर्शनों पर हुई हिंसक कार्रवाई, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों की मौत हुई, के बाद इस फैसले को गति मिली।

हालांकि पहले कुछ यूरोपीय देश इस कदम को लेकर सतर्क थे, लेकिन फ्रांस और इटली जैसे देशों के समर्थन से यह फैसला संभव हो सका। ईयू ने इसके साथ ही गंभीर मानवाधिकार उल्लंघनों के आरोप में 15 व्यक्तियों और छह संस्थाओं पर नए प्रतिबंध भी लगाए हैं। इसके बावजूद ईयू ने स्पष्ट किया है कि ईरान के साथ कूटनीतिक संवाद पूरी तरह बंद नहीं होगा।
——————
हिन्दुस्थान समाचार / आकाश कुमार राय
