जौनपुर, 01 फरवरी (हि.स.)। उत्तर प्रदेश के जनपद जौनपुर में कोडीनयुक्त कफ सीरप तस्करी मामले में विशेष जांच दल (एसआईटी) ने शिकंजा कसा है। इस मामले में 22 आरोपितों के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किए गए हैं। अब जल्द ही उनकी संपत्ति जब्त करने की कार्रवाई शुरू की जाएगी। मुकदमा दर्ज होने के बाद से ही सभी आरोपित फरार हैं। नोटिस दिए जाने के बावजूद कोई भी आरोपित जांच में सहयोग करने या हाजिर होने के लिए नहीं आया।

एसआईटी की जांच में सामने आया है कि वाराणसी निवासी शुभम जायसवाल और उनके पिता भोला जायसवाल ने रांची स्थित शैली ट्रेडर्स से जौनपुर समेत अन्य जिलों में भारी मात्रा में कोडीनयुक्त कफ सीरप की आपूर्ति की थी। पिता-पुत्र के खिलाफ कोतवाली में भी मुकदमा दर्ज है। भोला जायसवाल को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है।

इस मामले में रविवार को जानकारी देते हुए एसआईटी प्रमुख सहायक पुलिस अधीक्षक गोल्डी गुप्ता ने बताया कि कोडीनयुक्त कफ सीरप तस्करी के मामले में जिले के 22 आरोपितों के विरुद्ध शनिवार को गैर जमानती वारंट जारी किए गए हैं। उन्होंने बताया कि आरोपितों द्वारा समय दिए जाने के बाद भी जांच में सहयोग न करने या हाजिर न होने के कारण अब उनकी संपत्ति जब्त करने की कार्रवाई जल्द ही की जाएगी।
इस मामले में सहारनपुर के अशोक विहार कॉलोनी निवासी विशाल उपाध्याय ने कोतवाली के चितरसारी शकरमंडी निवासी आकाश मौर्या व अरुण सोनकर, जमालपुर निवासी शिवम मौर्या, डालगर टोला निवासी अंकित कुमार श्रीवास्तव, संजीव कुमार चौरसिया, सुजानगंज के बलवरगंज निवासी सौरभ गुप्ता, अरुण प्रकाश मौर्या, बलुआघाट निवासी ओमप्रकाश मौर्या और सरायख्वाजा के सर्फराजपुर निवासी अनुप्रिया सिंह सहित अन्य के विरुद्ध भी मुकदमा दर्ज कराया है।
हिन्दुस्थान समाचार / विश्व प्रकाश श्रीवास्तव
