नई दिल्ली, 31 जनवरी (हि.स.)। आम आदमी पार्टी (आआपा) के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने आरोप लगाया है कि दिल्ली सरकार के हाल ही में 8 लाख 27 हजार राशन कार्ड रद्द करने और नए कार्ड बनाने की प्रक्रिया में घूसखोरी की संभावना है। उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार ने राशन कार्ड बनावने में ‘पहले आओ पहले पाओ’ की नीति खत्म कर जिलाधिकारी के अधीन समितियां बनाई हैं, जिससे गरीब लोगों के राशन कार्ड बनवाने में घूसखोरी होगी।

सौरभ भरद्वाज ने शनिवार को पार्टी मुख्यालय में पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए कहा कि साल 2015 के बाद अरविंद केजरीवाल की सरकार ने जिन परिवारों की सालाना आय एक लाख रुपये तक की है, उनके राशन कार्ड के लिए ‘पहले आओ पहले पाओ’ की नीति लागू की थी, जिससे रिश्वतखोरी की गुंजाइश खत्म हो गई थी। उस समय जिसने जिस क्रम में राशन कार्ड का आवेदन किया होता था उसका उसी क्रम में राशन कार्ड बनाया जाता था। इस प्रक्रिया में चोरी और रिश्वत खोरी की सारी गुंजाइश खत्म हो जाती थी।
सौरभ ने कहा कि दिल्ली सरकार ने अब यह नियम बदल दिया है और अब जिलाधिकारी की समिति तय करेगी कि किसका राशन कार्ड बनेगा और किसका नहीं। इससे समित में मौजूद अधिकारी यह तय करेंगे कि किसे राशन कार्ड देना है और किसे नहीं। इससे राशन कार्ड बनवाने में घूसखोरी होगी।
उन्होंने आलोचना करते हुए कहा कि अधिकारी घूस देने वाले लोगों का ही राशन कार्ड बनाएंगे। जिलाधिकारी के पास इतना समय नहीं होता है कि वह यह देखेंगे कि कौन वास्तव में गरीब है कौन नहीं। नए नियमों से करीब 800 करोड़ रुपये तक का घोटाला हो सकता है।
प्रदेश अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि दिल्ली में इस समय 11 लाख लोग राशन कार्ड बनवाने के इंतजार में हैं। जिन लोगों के राशन कार्ड रद्द किए गए हैं, उनसे आय प्रमाण पत्र जमा करने को कहा गया है। लोग आय प्रमाण पत्र बनवाने एसडीएम के दफ्तर जाएंगे। उन्होंने कहा कि सरकार गरीबों को राहत देने के बजाय उन्हें लूट रही है।
आआपा प्रवक्ता संजीव झा ने कहा कि पहले दिल्ली में राशन कार्ड बनवाने में जनता को लूटा जा रहा था। लेकिन जब राजधानी में आआपा की सरकार थी तो उस पर रोक लगा दी गई थी। अब सरकार ने फिर से लूट शुरू कर दी है। उन्होंने कहा कि आआपा सरकार में ‘पहले आओ-पहले पाओ’ के आधार पर राशन कार्ड बनता था। अब भाजपा सरकार ने ‘पहले लाओ-पहले पाओ’ के आधार पर कार्ड बनाने के नियम लागू कर दिए हैं।
आआपा विधायक कुलदीप कुमार ने कहा कि अस्पतालों में दवाई नहीं है, बुजुर्गों और विधवाओं को पेंशन नहीं मिल रही है और अब गरीबों के राशन कार्ड भी नहीं बन पायेंगे। उन्होंने कहा कि अगर यह सब बंद नहीं हुआ तो आआपा राजधानी में बड़े स्तर पर आंदोलन करेगी।
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हिन्दुस्थान समाचार / माधवी त्रिपाठी
