सिवनी 01 फरवरी(हि.स.)। मध्य प्रदेश के सिवनी जिले की कोतवाली थाना पुलिस ने शनिवार की रात गौ-तस्करी के विरुद्ध बड़ी कार्रवाई करते हुए एक बारह चक्का कंटेनर से 39 नग गौवंश को सुरक्षित मुक्त कराया। हालांकि मौके का फायदा उठाकर वाहन चालक व उसका साथी फरार हो गए, जिनकी तलाश जारी है।

कोतवाली थाना निरीक्षक सतीश तिवारी ने बताया कि रात्रि गश्त के दौरान मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई थी कि बंडोल की ओर से एक बारह चक्का ट्रक में गौवंशों को निर्दयता पूर्वक ठूंस-ठूंसकर नागपुर कत्लखाने की ओर ले जाया जा रहा है। सूचना पर तत्काल ग्राम सिमरिया पुलिया के पास नाकाबंदी की गई।

नाकाबंदी के दौरान नरेला ब्रिज के नीचे एक हल्के पीले मटमैले रंग की तिरपाल से ढंका कंटेनर दिखाई दिया। पुलिस को देखते ही चालक एवं उसका साथी एक गौवंश को सड़क किनारे छोड़कर वाहन को तेज गति से नरेला से पुसेरा-अमरवाड़ा रोड की ओर भगाने लगे। पीछा किए जाने पर थाना लखनवाड़ा एवं चौरई पुलिस की सहायता ली गई।
तस्करों ने कंटेनर को छिंदवाड़ा रोड, ग्राम समसवाड़ा (थाना चौरई) के पास सड़क किनारे खड़ा कर अंधेरे का लाभ उठाते हुए खेतों की ओर भाग गए। कंटेनर क्रमांक MP09 HG 3058 की तलाशी लेने पर अंदर 38 नग गौवंश रस्सियों से गर्दन, मुंह एवं पैरों से बंधे पाए गए, जिन्हें अत्यंत क्रूरता और अमानवीय तरीके से भरा गया था। वाहन में चारा, भूसा, पानी एवं प्रकाश की कोई पर्याप्त व्यवस्था नहीं थी।
पुलिस द्वारा कुल 39 नग गौवंश को मुक्त कर सुसंगत धाराओं में अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया है। सभी गौवंशों को दयोदय जीव रक्षा संस्थान, बींझावाड़ा में चारा-पानी एवं समुचित देखरेख हेतु सुरक्षित रखा गया है। फरार फरार आरोपितों की तलाश जारी है।
हिन्दुस्थान समाचार / रवि सनोदिया
