— विशेष मोबाइल यूनिट में स्थापित अत्याधुनिक रोबोटिक प्रणाली से न्यूनतम चीरे वाली सर्जरी बेहद आसान

वाराणसी, 02 फरवरी (हि.स.)। काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (बीएचयू) के चिकित्सा विज्ञान संस्थान (आईएमएस-बीएचयू) ने प्रिसिजन मेडिसिन की ओर कदम बढ़ा दिया है। संस्थान परिसर में ‘दा विंची शी’ रोबोटिक सिस्टम के उन्नत प्रदर्शन को कुलपति प्रो.अजित कुमार चतुर्वेदी ने भी देखा।
एक विशेष मोबाइल यूनिट में स्थापित यह अत्याधुनिक रोबोटिक प्रणाली, मिनिमली इनवेसिव सर्जरी (न्यूनतम चीरे वाली सर्जरी) के क्षेत्र में उत्कृष्टतम मानी जाती है। सत्र के दौरान, कुलपति प्रो.चतुर्वेदी ने सर्जन कंसोल पर बैठकर हाई-डेफिनिशन थ्री डी विज़ुअलाइज़ेशन और रोबोटिक-सहायता प्राप्त उपकरणों की अद्वितीय सटीकता का अनुभव किया। इस दौरान चिकित्सा विज्ञान संस्थान के निदेशक प्रो. एस. एन, संखवार भी उनके साथ उपस्थित रहे। कुलपति ने इस व्यावहारिक कार्यक्रम के आयोजन के लिए आईएमएस के सर्जिकल ऑन्कोलॉजी विभाग की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि वह निकट भविष्य में संस्थान में रोबोटिक प्रणाली की स्थापना की आशा करते हैं। इस दौरान प्रो. मल्लिका तिवारी विभागाध्यक्ष सर्जिकल ऑन्कोलॉजी, प्रो. यशस्वी सिंह विभागाध्यक्ष यूरोलॉजी विभाग, प्रो. मनोज पांडेय सर्जिकल ऑन्कोलॉजी विभाग,डॉ. तरुण कुमार, सर्जिकल ऑन्कोलॉजी विभाग, प्रो. जया, चिकित्सा विभाग भी मौजूद रही।
—————
हिन्दुस्थान समाचार / श्रीधर त्रिपाठी
