उत्तरकाशी, 02 मार्च (हि.स.)। पहाड़ी के दुर्गम क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं की चुनौतियों के बीच हेली एम्बुलेंस एक बार फिर जीवनदायिनी साबित हुई।

सोमवार को बड़कोट क्षेत्र के केसना गांव की 31 वर्षीय अंजनी को प्रसव के बाद अत्यधिक रक्तस्राव होने लगा। स्थिति गंभीर होते देख स्थानीय प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने तुरंत हेली एम्बुलेंस सेवा सक्रिय की। डॉक्टर डॉ. रोहित भण्डारी की तत्परता और प्रशासन की मुस्तैदी से महिला को एयरलिफ्ट कर सीधे एम्स ऋषिकेश रेफर किया गया, जहाँ उसका उपचार जारी है।

चिकित्सकों के अनुसार प्रसवोत्तर रक्तस्राव मातृ मृत्यु का प्रमुख कारण माना जाता है, ऐसे में समय पर उच्च स्तरीय उपचार मिलना जीवन बचाने में निर्णायक साबित होता है। पहाड़ों में सड़क मार्ग से घंटों का सफर तय करना पड़ता, लेकिन हेली एम्बुलेंस ने मिनटों में दूरी समेट दी।
हिन्दुस्थान समाचार / चिरंजीव सेमवाल
