इंफाल, 07 मार्च (हि.स.)। मणिपुर समेत पूरे पूर्वोत्तर में यातायात को बेहतर बनाने के लिए केंद्र सरकार रेलवे परियोजनाओं को विस्तार देने के लिए कई अहम परियोजनाओं पर कार्य कर रही है। इस कड़ी में मणिपुर की राजधानी इंफाल को देश के शेष हिस्से से रेलवे से जोड़ने के लिए निर्माण कार्य जारी है। इस कड़ी में मणिपुर के मुख्यमंत्री वाई खेमचंद सिंह ने कहा है कि राज्य सरकार इंफाल को राष्ट्रीय रेल नेटवर्क से जोड़ने वाले रेलवे परियोजना को समय पर पूरा करने के लिए हर ज़रूरी मदद मुहैया कराएगी।

असम के कछार जिले की सीमा पर बसे जिरीबाम शहर को इंफाल से जोड़ने वाली प्रस्तावित रेलवे लाइन, 111 किमी का एक अहम बुनियादी ढांचा परियोजना है, जिसकी अनुमानित लागत 22,000 करोड़ से अधिक है। इस लाइन के 2028 तक पूरी तरह से चालू होने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री ने यह बातें शुक्रवार रात मुख्यमंत्री सचिवालय में पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे (पूसीरे) के अधिकारियों, जिसमें महाप्रबंधक (निर्माण, मालीगांव) आशीष बंसल भी शामिल थे, के साथ बैठक के बाद कही। सोशल मीडिया पर बैठक की जानकारी साझा करते हुए मुख्यमंत्री सिंह ने कहा कि प्रतिनिधियों ने उन्हें इंफाल को जोड़ने वाली रेलवे लाइन की वर्तमान प्रगति के बारे में बताया और इसे राज्य के लिए एक महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचा परियोजना बताया।
उन्होंने कहा कि रेलवे लाइन के चालू होने से मणिपुर का परिवहन बुनियादी ढांचा काफी मजबूत होगा, देश के बाकी हिस्सों से संपर्क क्षमता बेहतर होगी और आपूर्ति श्रृंखला ज्यादा बेहतर और सुरक्षित होगी।
मुख्यमंत्री सिंह ने कहा कि मणिपुर की तरक्की और खुशहाली के लिए इस ज़रूरी परियोजना को समय पर पूरा करने के लिए सरकार हर ज़रूरी मदद देने के लिए पूरी तरह तैयार है। उन्होंने कहा कि यह परियोजना प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के विकास के दृष्टिकोण के मुताबिक, राज्य के लोगों के लिए जीवन को आसान बनाने में मदद करेगा।
इंफाल-जिरीबाम रेलवे परियोजना के पूरा होने के बाद इस इलाके में संपर्क और आर्थिक विकास को काफी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। —————–
हिन्दुस्थान समाचार / अरविन्द राय
