गुवाहाटी, 07 फरवरी (हि.स.)। असम प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष गौरव गोगोई का पाकिस्तान लिंक को लेकर मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत बिस्व सरमा ने बड़ा आरोप लगाया। शनिवार रात हुई कैबिनेट बैठक के बाद मुख्यमंत्री ने एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि आगामी रविवार को गोगोई के पाकिस्तानी लिंक को सार्वजनिक करेंगे। उन्होंने बताया है कि असम पुलिस ने गौरव गोगोई के पाकिस्तान संबंधों के संदर्भ में जो रिपोर्ट सौंपी है उसको लेकर राज्य कैबिनेट ने एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि अली तौकिर शेख के भारत-विरोधी कामकाज की रिपोर्ट के संबंध में कैबिनेट में चर्चा की गई है। इस बीच इस मामले को केंद्रीय गृह मंत्रालय को सौंपा जाएगा। एनआईए या कोई अन्य जांच एजेंसी अगले चरण की जांच करेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जो जानकारी गोपनीय नहीं है, उन बातों को लेकर रविवार की सुबह 10:30 बजे एक संवाददाता सम्मेलन में की जाएगी। इसमें क्षेत्रीय मीडिया के साथ-साथ राष्ट्रीय मीडिया के प्रतिनिधि भी उपस्थित होंगे। मुख्यमंत्री रविवार को 2-3 घंटे तक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करेंगे। असम पुलिस एक मामला दर्ज करने के बाद विभिन्न एजेंसियों को यह मामला सौंप सकती है। लेकिन हमने अभी ऐसा कोई निर्णय नहीं लिया है; केंद्रीय गृह मंत्रालय जरूरत के अनुसार इसे जांच एजेंसी को सौंपेगा।
मुख्यमंत्री ने बताया कि काफी देर तक मुख्यमंत्री और कैबिनेट मंत्रियों के सामने मामले का विवरण जांच अधिकारी द्वारा प्रस्तुत किया गया। साथ ही मुख्यमंत्री ने कहा कि असम पुलिस ने मामले की गहराई से जांच की है। 2016/17 में पाकिस्तान के साथ असम पुलिस ने क्या चर्चा की, इसका खुलासा नहीं किया जा सकता।
गौरव गोगोई के पिता दिवंगत तरुण गोगोई मुख्यमंत्री रहते हुए गौरव गोगोई पाकिस्तान गए थे। उस समय पाकिस्तान यात्रा की जानकारी छिपा कर रखी गई थी। उस समय सामाजिक मीडिया और समाचार माध्यमों से 10 दिन दूर रहे। इसके अलावा मुख्यमंत्री ने कहा कि यदि भारत सरकार मामले को फिर से असम सरकार को जांच करने की अनुमति देती है तो असम पुलिस पुनः जांच शुरू करेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि असम कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष भूपेन बोरा, मीरा बोरठाकुर, देवब्रत सैकिया के आचरण को लेकर डीजीपी को मुकदमा दर्ज करने का निर्देश दिया गया है।
उन्होंने बताया कि कैबिनेट ने सरकारी कर्मचारियों के लिए आठवें वेतन आयोग को पूर्ण रूप प्रदान किया। आयोग का अध्यक्ष सेवानिवृत्त मुख्य सचिव सुभाष को बनाया गया है। आयोग में अन्य कई विशिष्ठ व्यक्तियों को भी शामिल किया गया है। आईआईएम के लिए आवश्यक भूमि का आवंटन, मुख्यमंत्री आत्मनिर्भर योजना के लिए 800 करोड़ रुपये का अनुमोदन दिया गया।
धेमाजी नगर के एक किमी से 5 किमी के परिक्षेत्र को ग्रामीण क्षेत्र के रूप में माना जाएगा। इस क्षेत्र के लोग 7 बीघा भूमि खरीद सकते हैं। जल जीवन मिशन के अधीन योजनाओं का अनुमोदन। योजना के अंतर्गत आपरेशन और मरम्मत पॉलिसी का अनुमोदन किया गया। इसके साथ ही कैबिनेट बैठक में अन्य कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।
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हिन्दुस्थान समाचार / अरविन्द राय
