मीरजापुर, 14 मार्च (हि.स.)। उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर जिले में विंध्यवासिनी धाम में आगामी चैत्र नवरात्र मेले को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए जिलाधिकारी पवन कुमार गंगवार ने मेला क्षेत्र को 10 जोन और 21 सेक्टर में विभाजित किया है। प्रत्येक जोन में जोनल मजिस्ट्रेट और प्रत्येक सेक्टर में सेक्टर मजिस्ट्रेट तैनात किए जाएंगे, जो व्यवस्थाओं पर नजर रखेंगे।

जिलाधिकारी ने शनिवार को बताया कि नवरात्र के दौरान गर्मी को देखते हुए श्रद्धालुओं के लिए मेला क्षेत्र में जगह-जगह आरओ वाटर की व्यवस्था की जा रही है। इसके साथ ही 21 स्थानों पर पार्किंग की व्यवस्था की गई है। स्वास्थ्य सेवाओं को ध्यान में रखते हुए प्रमुख स्थानों पर एंबुलेंस तैनात रहेंगी तथा 14 मेडिकल कैंप भी लगाए जाएंगे। गंगा घाटों पर बैरिकेडिंग, अस्थायी शौचालय और महिलाओं के लिए वस्त्र बदलने के सुरक्षित स्थान भी बनाए जाएंगे।
सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन ने भी व्यापक तैयारी की है। मेले के दौरान लगभग तीन हजार पुलिसकर्मियों की ड्यूटी लगाई जाएगी। इसमें तीन अपर पुलिस अधीक्षक, 18 क्षेत्राधिकारी, तीन कंपनी पीएसी और एसडीआरएफ की टीम तैनात रहेगी। यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए रूट डायवर्जन भी लागू किया जाएगा। होटल संचालकों को निर्देश दिया गया है कि ठहरने वाले यात्रियों का अनिवार्य रूप से सत्यापन करें।
पुलिस अधीक्षक अपर्णा रजत कौशिक ने बताया कि मेला क्षेत्र और त्रिकोण मार्ग पर सुरक्षा के लिए आधुनिक तकनीक का भी सहारा लिया जा रहा है। त्रिकोण मार्ग और विंध्य पहाड़ी पर 28 सोलर कैमरे लगाए जाएंगे, जो बिजली गुल होने पर भी काम करते रहेंगे। इसके साथ ही पूरे मेला क्षेत्र में कुल 194 सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की जाएगी।
पुलिस ने जेबकतरे और छिनैती करने वाले करीब 400 संदिग्ध अपराधियों को चिह्नित किया है, जिन पर मेले के दौरान विशेष निगरानी रखी जाएगी। सादे कपड़ों में पुलिस टीमें भी लगातार गश्त करती रहेंगी, ताकि श्रद्धालुओं को सुरक्षित और सुगम दर्शन का लाभ मिल सके।
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हिन्दुस्थान समाचार / गिरजा शंकर मिश्रा
