नई दिल्ली, 04 मार्च (हि.स)। फिनलैंड के राष्ट्रपति अलेक्जेंडर स्टब बुधवार को भारत की चार दिवसीय दौरे पर नई दिल्ली पहुंचे। उनकी इस यात्रा का मकसद व्यापार, निवेश और महत्वपूर्ण प्रौद्योगिकी सहित विभिन्न क्षेत्रों में द्विपक्षीय सहयोग को मजबूत करना है।

विदेश राज्य मंत्री कीर्ति वर्धन सिंह ने फिनलैंड के राष्ट्रपति अलेक्जेंडर स्टब के भारत पहुंचने पर नई दिल्ली हवाई अड्डे पर गर्मजोशी से स्वागत किया। स्टब गुरुवार को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से बातचीत करेंगे। इसके बाद दोनों पक्षों द्वारा कई क्षेत्रों में सहयोग को बढ़ाने के लिए अनेक समझौता ज्ञापनों (एमओयू) को अंतिम रूप दिए जाने की उम्मीद है। बैठक में पश्चिम एशिया में जारी संकट पर प्रमुखता से चर्चा होने की संभावना है।

फिनलैंड के राष्ट्रपति अलेक्जेंडर स्टब गुरुवार शाम को रायसीना संवाद के उद्घाटन सत्र में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे। राष्ट्रपति स्टब के साथ मंत्रियों, वरिष्ठ अधिकारियों और कारोबारियों का एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल भी है। स्टब राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और उपराष्ट्रपति सी पी राधाकृष्णन से भी मुलाकात करेंगे। राष्ट्रपति स्टब ने दिल्ली रवाना होने से पहले कहा, ‘यह दौरा व्यापार सहित अन्य क्षेत्रों में फिनलैंड और भारत के बीच संबंधों को और मजबूत करेगा।’
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने ‘एक्स’ पोस्ट पर जारी एक बयान में कहा, ‘भारत और फिनलैंड लोकतांत्रिक मूल्यों पर आधारित सौहार्दपूर्ण और मैत्रीपूर्ण संबंध साझा करते हैं। राष्ट्रपति अलेक्जेंडर स्टब की यात्रा भारत-फिनलैंड संबंधों को और अधिक ऊर्जा प्रदान करेगी।’
उल्लेखनीय है कि फिनलैंड के राष्ट्रपति शुक्रवार को मुंबई की यात्रा करेंगे, जहां उनका कई कारोबारियों से मुलाकात करने का कार्यक्रम है। फिनलैंड के राष्ट्रपति की यात्रा शनिवार को समाप्त होगी। स्टब की भारत यात्रा से कुछ हफ्ते पहले फिनलैंड के प्रधानमंत्री पेटेरी ओर्पो ‘एआई इम्पैक्ट समिट’ के लिए दिल्ली आए थे।
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हिन्दुस्थान समाचार / प्रजेश शंकर
