बीरभूम, 10 फरवरी (हि. स.)। जिले के सिउड़ी सदर अस्पताल के शिशु विभाग में मंगलवार सुबह एक असामान्य घटना से अफरा-तफरी मच गई। अस्पताल के एक बेड पर रखा मोबाइल फोन अचानक फट गया, जिससे पूरे वार्ड में धुआं और आग फैल गई। विस्फोट की तेज आवाज से वहां मौजूद मरीजों के परिजन और अस्पताल कर्मी दहशत में आ गए।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, घटना के समय शिशुओं को इंजेक्शन दिए जा रहे थे। अचानक मोबाइल फोन में विस्फोट होते ही आग भड़क उठी। वार्ड में मौजूद लोग जान बचाने के लिए इधर-उधर दौड़ने लगे। कुछ ही पलों में स्थिति बेहद भयावह हो गई।

घटना के चश्मदीद अर्जिना बीबी ने बताया कि विस्फोट के बाद आग तेजी से फैल सकती थी, लेकिन समय रहते ऑक्सीजन सपोर्ट बंद कर दिया गया, जिससे बड़ा हादसा टल गया। उन्होंने यह भी बताया कि मोबाइल फोन विस्फोट के समय चार्ज पर नहीं था, हालांकि सुबह उसे चार्ज किया गया था—यह बात मोबाइल के मालिक ने स्वीकार की है।
एक अन्य प्रत्यक्षदर्शी प्रतिमा बाड़ी ने बताया कि जैसे ही लोगों को आग लगने का अहसास हुआ, वह भी तुरंत वार्ड से बाहर निकल आईं। उस समय किसी को यह समझने का मौका नहीं मिला कि आखिर हुआ क्या। घटना की सूचना मिलते ही अस्पताल के सुरक्षा कर्मी तुरंत शिशु विभाग पहुंचे और जलते मोबाइल फोन को बाहर ले जाया गया। कुछ ही समय में आग पर काबू पा लिया गया और स्थिति सामान्य हो गई। गनीमत रही कि इस घटना में किसी शिशु या व्यक्ति के घायल होने की खबर नहीं है।
अस्पताल प्रशासन का कहना है कि सुरक्षा के लिहाज से वार्ड के मुख्य दरवाजे बंद होने के कारण कई लोग अंदर ही रह गए थे, जिससे घबराहट और बढ़ गई। हालांकि सुरक्षा कर्मियों की तत्परता से बड़ा हादसा टल गया।
घटना के बाद अस्पताल में मोबाइल फोन के उपयोग और चार्जिंग को लेकर सख्ती बढ़ाने की बात कही जा रही है।
—————
हिन्दुस्थान समाचार / अभिमन्यु गुप्ता
