राजगढ़,19 अप्रैल(हि.स.)। अक्षय तृतीया के पावन अवसर पर मां पीताम्बरा सिद्ध पीठम बहादुरपुरा आश्रम के संत नीलेश महाराज ने एक निर्धन कन्या का विवाह कराकर समाज में सेवा और सहयोग की मिसाल पेश की। रविवार को शहर के सुठालिया रोड स्थित एक मैरिज गार्डन में आयोजित विवाह समारोह में कन्या का विवाह हिंदू रीति-रिवाजों के साथ विधिवत संपन्न कराया गया। इस आयोजन में आश्रम परिवार सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे और नवविवाहित जोड़े को आशीर्वाद दिया।

समारोह के दौरान भंडारे का भी आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी तादाद में लोगों ने प्रसादी ग्रहण की। आयोजन का माहौल पूरी तरह धार्मिक और उत्साहपूर्ण रहा। संत नीलेष महाराज ने बताया कि कन्या का परिवार आर्थिक रूप से कमजोर है और विवाह का खर्च उठाने में असमर्थ था। ऐसे में आश्रम परिवार ने आगे आकर पूरे विवाह की जिम्मेदारी उठाई और सभी व्यवस्थाएं स्वयं कीं। उन्होंने यह भी बताया कि आश्रम द्वारा समय-समय पर धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। नवरात्रि के दौरान हवन-पूजन और यज्ञ के साथ ही आश्रम में गौशाला का संचालन भी किया जा रहा है, जहां घायल और असहाय गोवंश की सेवा की जाती है। इस सराहनीय पहल को लेकर शहरवासियों ने संत और आश्रम परिवार की भूरी-भूरी प्रशंसा की।
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हिन्दुस्थान समाचार / मनोज पाठक
