देहरादून, 18 मार्च (हि.स.)। सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने प्रदेश में शहीद द्वारों और स्मारकों के निर्माण कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं। इस संबंध में उन्होंने बुधवार को अपने कैंप कार्यालय में सैनिक कल्याण विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक कर विभिन्न परियोजनाओं की समीक्षा की।

बैठक में मंत्री गणेश जोशी ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में राज्य के विभिन्न जनपदों में छह शहीद द्वार और स्मारकों के निर्माण को स्वीकृति प्रदान की गई थी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी परियोजनाओं को शीघ्र धरातल पर उतारते हुए प्रशासनिक और तकनीकी प्रक्रियाओं में तेजी लाई जाए तथा निर्धारित समयसीमा में कार्य पूर्ण किया जाए। मंत्री ने कहा कि शहीद द्वार और स्मारकों के निर्माण में अत्याधुनिक डिजाइन, स्थानीय स्थापत्य कला और भारतीय सैन्य परंपराओं का समन्वय सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने इस पहल के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ये स्मारक शहीदों के प्रति श्रद्धांजलि के साथ-साथ राष्ट्रभक्ति और बलिदान की भावना को जन-जन तक पहुंचाने का माध्यम बनेंगे।
उन्होंने बताया कि स्वीकृत निर्माण कार्यों में जनपद अल्मोड़ा में नायक गौरी दत्त जोशी, चंपावत में कैप्टन उमेद सिंह महरा (अशोक चक्र), चमोली में राइफलमैन मोहन सिंह और गनर केसर सिंह, पिथौरागढ़ में सिपाही शिवलाल वर्मा तथा पौड़ी गढ़वाल में राइफलमैन हरी सिंह (शौर्य चक्र) के नाम पर शहीद द्वार एवं स्मारक बनाए जाने हैं। बैठक में सैनिक कल्याण विभाग के उपनिदेशक लेफ्टिनेंट कर्नल वीरेंद्र प्रसाद भट्ट (सेनि) और विंग कमांडर निधि बधानी (सेनि) सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / राजेश कुमार पांडेय
